
बारिश से नुकसान के बाद भी मुआवजा नहीं मिला? हजारों किसान यही गलती कर रहे हैं
हाल की भारी बारिश के कारण कई जिलों में किसानों की फसल, पशु और खेती से जुड़ा सामान पूरी तरह बर्बाद हो गया। सरकार ने मुआवजा देने की घोषणा तो कर दी, लेकिन ज़मीन पर सच्चाई कुछ और ही है।
हज़ारों किसानों का कहना है कि उन्होंने आवेदन कर दिया, सर्वे भी हो गया — फिर भी खाते में पैसा नहीं आया।
आख़िर ऐसा क्यों हो रहा है?
आज हम वही कारण और समाधान साफ-साफ समझेंगे।
❓ मुआवजा अटकने के 5 बड़े कारण
✅ 1. सर्वे रिपोर्ट अधूरी
बहुत बार ग्राम सेवक या तलाटी ने सर्वे किया लेकिन data online upload नहीं किया।
✅ 2. बैंक खाता आधार से लिंक नहीं
अगर आपका बैंक खाता आधार से लिंक नहीं है, तो भुगतान अटक जाता है।
✅ 3. गलत फसल विवरण
जो फसल बोई थी, वही आवेदन में सही से दर्ज नहीं की गई।
✅ 4. मोबाइल नंबर बंद या बदला हुआ
OTP verification के समय दिक्कत आ जाती है।
✅ 5. आवेदन की स्थिति चेक नहीं की
कई किसान आवेदन के बाद status देखना भूल जाते हैं।
✅ अगर आपने आवेदन किया है, तो तुरंत ये काम करें
1️⃣ अपने तलाटी / ग्राम सेवक से संपर्क करें
2️⃣ सर्वे रिपोर्ट online हुई या नहीं, confirm करें
3️⃣ बैंक शाखा में जाकर आधार लिंक चेक कराएं
4️⃣ e-Gram / i-Khedut portal पर status देखें
📌 किन नुकसान पर मुआवजा मिलता है?
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फसल खराब
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पशु मृत्यु
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खेत में पानी भरने से नुकसान
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कृषि उपकरण खराब
⚠ जरूरी चेतावनी
कई लोग WhatsApp या Facebook पर गलत जानकारी फैला रहे हैं।
✅ सही जानकारी सिर्फ सरकारी पोर्टल या local office से ही लें।
📝 निष्कर्ष
अगर बारिश से आपको नुकसान हुआ है और मुआवजा नहीं मिला, तो घबराने की ज़रूरत नहीं।
ऊपर बताए गए points check करें — अधिकतर मामलों में यही वजह होती है।
👉 सही तरीके से follow-up करने पर पैसा जरूर आएगा।